जो कर न सके कोई वो काम कर जाएगा .
ये वकील दुनिया में नाम कर जाएगा .
सोचे कि करे कैसे मुर्गे हलाल .
आये समझ में ना , शकुनी को जो भी .
चाल शतरंजी तमाम चल जायेगा .
ये वकील दुनिया में नाम कर जायेगा .
सालो लगवाएगा महीनों के काम पे .
ना हो ख़तम केस कि लगाके पेटिशन .
एडजर्नमेंट के सारे इन्तजाम कर जाएगा .
ये वकील दुनिया में नाम कर जाएगा .
क्लाएंट का लोन से , टूटे भले ही शीश .
होने पे डिसमिस एडजर्नमेंट पेटिसन के .
अपील के प्रबंध ये तमाम कर जाएगा .
ये वकील दुनिया में नाम कर जाएगा .
जेब भारी क्लाएंट की , खाली करवाएगा .
बिकेगा क्लाएंट का नाम ग्राम धाम तब .
सबकुछ नीलाम ये तमाम कर जाएगा .
ये वकील दुनिया में नाम कर जाएगा .
बैठ के सिने पे , निकलेगा जूस .
क्लाएंट के सर पे , रख भारी पत्थर.
गंगाजी में राम नाम कर जाएगा .
ये वकील दुनिया में नाम कर जाएगा .
रेसपानसीबीलीटी क्लाएंट की, पहचानता नहीं .
कि अपोसिट पार्टी से , खाके पैसे भाई .
केस क्लाएंट का गुम नाम कर जाएगा .
ये वकील दुनिया में नाम कर जाएगा .
नहीं तो जज , सेटिंग से डीअर.
नहीं गली दाल तो , पोलिटिक्स में भाई .
साफ आपने हाथ खुलेआम कर जाएगा .
ये वकील दुनिया में नाम कर जाएगा .
ना माने तो जिस्म भेजवाएगा भाई .
हर कीमत पे केस में जीत चाहिए .
कि कत्ले- कानून सरेआम कर जाएगा .
ये वकील दुनिया में नाम कर जाएगा .
रोती है जनता अदालत के कामों से .
ऐसे भी बची कहाँ है , इज्जत अब कोर्ट कि .
बची खुची है जो भी , नीलाम कर जाएगा .
ये वकील दुनिया में नाम कर जाएगा।
ये वकील दुनिया में , नाम कर जाएगा .
अजय अमिताभ सुमन
